
अब Aadhaar कार्ड में नाम और जन्मतिथि में बदलाव करना पहले जितना आसान नहीं रह गया है। UIDAI नें नए नियम लागू किए हैं ताकि आधार कार्ड की प्रामाणिकता और सुरक्षा बनी रहे। अब गलत या बार-बार बदलाव करने वाले लोगों के लिए प्रक्रिया और सख्त कर दी गई है।
जन्मतिथि सुधार के नए नियम
- पहली बार बदलाव: यदि आप अपने आधार कार्ड में पहली बार जन्मतिथि बदलना चाहते हैं, तो आपके पास मान्य सरकारी दस्तावेज होना जरूरी होगा। दसवीं बोर्ड की मार्कशीट या किसी सरकारी विभाग द्वारा जारी प्रमाणपत्र को स्वीकार किया जाएगा।
- दूसरी बार बदलाव: यदि कोई दूसरी बार जन्मतिथि बदलना चाहता है, तो सिर्फ स्थानीय नगरपालिका अथवा ग्राम पंचायत द्वारा जारी जन्म प्रमाण पत्र (Birth Certificate) ही मान्य होगा।
नाम सुधार के नए नियम
- तीसरी बार बदलाव: यदि आपके आधार में तीसरी बार नाम सुधार की आवश्यकता होती है, तो इस प्रक्रिया के लिए गजट नोटिफिकेशन अनिवार्य कर दिया गया है।
गजट नोटिफिकेशन एक आधिकारिक दस्तावेज होता है जिसे सरकार द्वारा प्रकाशित किया जाता है। इसका इस्तेमाल नाम, नियम या सरकारी घोषणाओं की आधिकारिक पुष्टि के लिए किया जाता है और यह सभी विभागों में कानूनी रूप से मान्य है।
अन्य अपडेट्स
- पता और मोबाइल नंबर: UIDAI ने पता (Address) और मोबाइल नंबर अपडेट की सुविधा में कोई बदलाव नहीं किया है। इन्हें जरूरत पड़ने पर कई बार संशोधित किया जा सकता है।
- नया नामांकन: पहली बार नया आधार कार्ड बनवाना पूरी तरह निःशुल्क रहेगा।
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क्यों किए गए ये बदलाव?
UIDAI का कहना है कि आधार कार्ड अब सिर्फ पहचान ही नहीं बल्कि बैंकिंग, सरकारी योजनाओं और अन्य सेवाओं का प्रमुख साधन बन चुका है। इस कारण इसमें बार-बार बदलाव और गलत जानकारी देने की समस्या सामने आती थी। अब नए नियमों के बाद ऐसे मामलों पर रोक लगेगी और आधार कार्ड की विश्वसनीयता और भी मजबूत होगी।
क्या करें आधार धारक?
यदि आप आधार कार्ड में कोई अपडेट कराना चाहते हैं, तो पहले यह देख लें कि आपके पास सही और मान्य दस्तावेज उपलब्ध हो, बिना आधिकारिक दस्तावेज के अब सुधार संभव नहीं होगा। जरूरी है कि लोग समय रहते, अपने दस्तावेजों की जांच कर ले, ताकि आवश्यकता पड़ने पर आसानी से सुधार किया जा सके।





